China

दुनिया में ऑर्डर का स्थानांतरण सामान्य व्यवहार

रिपोर्टों के अनुसार पिछले महीने वस्त्र उद्योग के कई ऑर्डर भारत से चीन में स्थानांतरित किये गये, क्योंकि भारत की कई बड़ी कपड़ा कंपनियां महामारी की वजह से उत्पादन पूरा नहीं कर पाएंगी। वास्तव में स्थिर उत्पादन प्रक्रिया स्थापित करने के बाद विशेष कारण के बिना उद्यम ऑर्डर नहीं बदलते हैं। अब भारतीय कंपनियां समय पर उत्पादन पूरा नहीं कर पाएंगी, इसलिए विदेशी व्यापारियों को आपूर्ति श्रृंखला चीन में स्थानांतरित करना पड़ी।

ऑर्डर के स्थानांतरण का भारत में कोविड-19 महामारी की स्थिति से गहरा जुड़ाव है। महामारी की वजह से भारत में उत्पादन पर प्रभाव पड़ा और महामारी अल्पकाल में खत्म नहीं होगी। अब भारत में पुष्ट मामलों की संख्या 70 लाख से अधिक हो चुकी है। कई चिकित्सा विशेषज्ञों का मानना है कि मामलों की संख्या तेजी से बढ़ने की वजह से भारत अमेरिका से आगे होकर दुनिया में सबसे ज्यादा मामले वाला देश बनेगा। भारत महामारी की रोकथाम में गंभीर चुनौतियों का सामना कर रहा है।

वहीं, भारत में कताई-बुनाई और कपड़ा उद्योग विकेंद्रित है, 80 प्रतिशत से अधिक कपड़ा कंपनियां छोटी हैं। इसके अलावा, कच्चे कपास और मानव निर्मित फाइबर में भारत काफी हद तक विदेशों पर निर्भर करता है। महामारी के बाद परिवहन में रुकावट होने के कारण भारत के कपड़ा उद्योग पर बड़ा प्रभाव पड़ा।

ऐसी स्थिति में ऑर्डर चीन में आना सामान्य बात बन गयी है। हम सब उपभोक्ता हैं। बाजार में विविध वस्तुओं के सामने हम तुलना करके उच्च गुणवत्ता और कम कीमत वाली चीज़ें खरीदते हैं। हम विश्वसनीय उत्पादों को ज्यादा पसंद करते हैं। अंतर्राष्ट्रीय व्यापार भी ऐसा है।

महामारी फैलने के बाद चीन के वस्त्र निर्यात पर भी प्रभाव पड़ा। लेकिन महामारी की रोकथाम में विजय पाने के चलते अब चीन के वस्त्र निर्यात में बड़ा इजाफा हुआ है। चीनी सीमा शुल्क विभाग के आंकड़ों के अनुसार पिछले जनवरी से सितंबर तक चीनी वस्त्र निर्यात 15 खरब 15 अरब 67 करोड़ युआन रहा, जिसकी वृद्धि दर 12.2 प्रतिशत है।

गौरतलब है कि कोविड-19 महामारी से विश्व अर्थव्यवस्था पर व्यापक प्रभाव पड़ा है। हम आशा करते हैं कि भारत में महामारी की स्थिति जल्द ही अच्छी होगी। चीन हमेशा अन्य देशों के साथ आपसी लाभ वाला सहयोग करता है और बहुपक्षीय व्यापारिक व्यवस्था की रक्षा करता है। चीन विश्व अर्थव्यवस्था और व्यापार की बहाली में ज्यादा योगदान देगा।
(साभार---चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)